32 साल से हत्या में फरार वारंटी गिरफ्तार, बंदूक के साथ कर रहा था सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी
गाजीपुर न्यूज़ टीम, वाराणसी. हत्या के मामले में कोर्ट से सजा मिलने के बाद 32 वर्ष से फरार वारंटी आखिरकार धरा लिया गया। पुलिस को वह सोनभद्र में खाकी वर्दी पहन कर सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता मिला तो पुलिस के होश उड़ गए। इसके बाद उसके पास मौजूद बंदूक भी जब्त कर ली गई। हत्या के मामले में कोर्ट से आजीवन सजा मिलने के बाद 32 वर्ष से फरार चल रहे महेंद्र पटेल को गुरुवार की रात पुलिस ने सोनभद्र के राबर्ट्सगंज से गिरफ्तार कर लिया।फरार वारंटी खाकी वर्दी पहन कर सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी कर रहा था।
बताते हैं कि मिर्जामुराद के करधना (बोधापुर) गांव में वर्ष 1986 में भूमि विवाद को लेकर जगरनाथ पटेल की कट्टे से गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्या में महेंद्र पटेल समेत दो नामजद अभियुक्त रहे। कोर्ट द्वारा वर्ष 1989 में हत्या के इस मामले में महेंद्र पटेल को आजीवन सजा का फैसला सुनाया गया। हत्या के दूसरे आरोपित की मौत हो चुकी हैं। कोर्ट का फैसला आने के बाद सजा न भुगतने के चक्कर मे महेंद्र अपने गांव की चल-अचल सम्पति को बेंच वाराणसी जिला को छोड़ परिवार समेत चंदौली जिले के नौगढ़ थानांतर्गत सोनवार गांव में जाकर भूमि खरीद कर बंदूक का लाइसेंस बनवाया।
बंदूक खरीदने के बाद चंदौली की संपत्ति को बेंच सोनभद्र जिले के राबर्ट्सगंज थानांतर्गत बहेरा गांव में जाकर राबर्ट्सगंज में विद्युत विभाग में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करने लगा था। कोर्ट से वारंट जारी होने पर एसआई अजीत प्रताप यादव कांस्टेबल धर्मेंद्र पाल व अशरफी ने सोनभद्र में दबिश देकर वारंटी को गिरफ्तार किया। बंदूक को भी पुलिस जब्त कर ली हैं। कार्यवाहक थानाप्रभारी उमेश कुमार राय ने बताया कि गिरफ्तार वारंटी को कोर्ट में भेज दिया गया। एसपी ग्रामीण अमित वर्मा द्वारा वर्षों से फरार सजा पाने वाले वारंटी की गिरफ्तारी पर पुलिस टीम को पुरस्कृत किया गया।